आखिर क्यों ? इन दुकानदारो ने किया सभी राजनितिक पार्टियो से बाइकाट

Punjab


नाभा (सुखचैन सिंह)  पंजाब में 4 फरवरी को होने जा रही मतदान के मद्देनज़र सभी राजनैतिक पार्टियाँ की तरफ से लोगों के साथ कई वायदे करके वोट मांगी जा रही हैं नाभा में भी शिरोमणि अकालीदल, कांग्रेस, आम आदमी पार्टी, बहुजन समाजवादी पार्टी, सी.पी.आई और आज़ाद उम्मीदवार हलके के साथ शहर के विकास के दावे कर रहे हैं परन्तु फिर भी शहर के अंदर गंदे पानी की निकासी को ले कर तकरीबन सारा शहर ही दुखी है जिन में से सब से बुरा हाल सिवल हस्पताल रोड नाभा का है जहाँ गंदे पानी की निकासी सम्बन्धित समस्या कई साला से चल रही है जिस के साथ इस रोड पर कारोबार करन वाले सैंकड़े दुकानदार और हजारों लोग नरक भरी ज़िंदगी व्यतीत कर रहे हैं। मतदान का मौसम होने के कारण अब इस समस्या का सार लिया राजनैतिक पार्टियाँ दुकानदार की इस समस्या का जल्द हल करने का दावा करके वोट माँग रही हैं परन्तु आज इस रोड के समूह दुकानदारों ने अपनी दुकाने बंद करके नगर कौंसिल नाभा और राजनैतिक पार्टियों के ख़िलाफ़ रोष प्रकट किया और ऐलान किया कि इस रोड की समस्या का हल नही होने के विरुद्ध समूह दुकानदार इन मतदान का बाइकाट करेंगे। दुकानदार के इस रोष का सब से बड़ा नुक्सान नगर कौंसिल के काबिज़ शिरोमणि अकालीदल को होगा जिस ख़िलाफ़ शहर निवासी में रोष बढ़ता जा रहा है। दुकानदार का आरोप है कि शिरोमणि अकालीदल की तरफ से 10 साल से सरकार चलाने के बावजूद जिस में नगर कौंसिल नाभा पर कब्ज़ा भी अकालीदल भाजपा का है परन्तु फिर भी किसी भी अकाली नेता की तरफ से इस समस्या का हल नहीं किया गया जिस में नगर कौंसिल की घटिया कारजगुजारी सामने आ रही है, दुकानदार का यह भी दोष है कि नाभा से कांगरस के साधु सिंह धरमसोत विधायक हैं परन्तु उन्हों ने इस समस्या के हल के लिए कोई ख़ास प्रयास नहीं किया के साथ ही उनहोने आम आदमी पार्टी के विरोध भी रोष प्रकट किया कि आप पिछले तीन साल से पंजाब में सक्रिय परन्तु कोई आम आदमी पार्टी का नेता उन की समस्या के लिए आगे नहीं आया और अब चुनाव दौरान राजनीति करने बाज़ार में आ गए। दुकानदारों  ने मतदान में सभी राजनैतिक पार्टियों के बाइकाट का ऐलान किया। आज के रोष प्रदरसन में अकालीदल के उम्मीदवार दुकानदार के रोष को देखते हुए मौके पर नहीं पहुचे और न ही कांग्रेस के उम्मीदवार साधु सिंह धरमसोत पहुँचे थे आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार देवमान राजनीति करने ज़रूर मौके पर पहुँचे जिन को दुकानदारों का भारी रोष देखने को मिला।

Leave a Reply